हरियाणा के गुरुग्राम में इंडिगो एयरलाइंस के एक ट्रेनी पायलट ने तीन वरिष्ठ अधिकारियों पर जातिसूचक टिप्पणियों और अपमानजनक व्यवहार का आरोप लगाया है। मामला SC/ST एक्ट के तहत दर्ज किया गया है। ट्रेनी पायलट ने दावा किया है कि मीटिंग के दौरान उन्हें सार्वजनिक रूप से नीचा दिखाया गया और जातिगत गालियां दी गईं।
पीड़ित पायलट का कहना है कि 28 अप्रैल को गुरुग्राम के सेक्टर-24 स्थित एक ऑफिस में हुई मीटिंग में उनके साथ बदसलूकी की गई। शिकायत में उन्होंने कहा कि एयरलाइंस के अधिकारी तपस डे, मनीष साहनी और कैप्टन राहुल पाटिल ने उन्हें जातिसूचक शब्दों से संबोधित करते हुए अपमानित किया। एक मौके पर उनसे कहा गया— “तू प्लेन उड़ाने के काबिल नहीं है, जाकर चप्पल सिल” और “तू मेरा जूता चाटने लायक भी नहीं है।”
पीड़ित ने बताया कि वह कर्नाटक के अनुसूचित जाति समुदाय से आते हैं और पहले भी कार्यस्थल पर जातीय टिप्पणियों का सामना कर चुके हैं। उन्होंने कंपनी के सीईओ और एथिक्स कमेटी को शिकायत दी थी, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। इसके बाद उन्होंने बेंगलुरु में पुलिस से संपर्क किया, जहां ज़ीरो एफआईआर दर्ज कर मामला गुरुग्राम स्थानांतरित किया गया।
गुरुग्राम पुलिस ने DLF फेज-1 थाने में मामला दर्ज कर लिया है। तीनों आरोपियों के खिलाफ SC/ST एक्ट की धाराओं के साथ-साथ बीएनएस की अन्य धाराओं में केस दर्ज किया गया है। पुलिस का कहना है कि पूछताछ के लिए संबंधित अधिकारियों को जल्द तलब किया जाएगा।
इस बीच, इंडिगो एयरलाइंस ने ट्रेनी पायलट के आरोपों को “झूठा और निराधार” बताते हुए कहा है कि कंपनी भेदभाव के प्रति “जीरो टॉलरेंस” नीति पर काम करती है और जांच में पूरा सहयोग देगी।

