भारतीय मानक ब्यूरो, राजस्थान द्वारा विश्व मानक दिवस 2025 के अवसर पर “मानक महोत्सव” का आज आयोजन जयपुर में किया गया। कार्यक्रम की मुख्य अतिथि जयपुर सांसद मंजू शर्मा ने कहा कि “मानक न केवल गुणवत्ता का प्रतीक हैं, बल्कि यह समाज में विश्वास और पारदर्शिता को भी मजबूत करते हैं। यह एक अवसर है कि कैसे मानक हमारे जीवन, उद्योग और समाज को बेहतर बनाते हैं और कैसे वे हमें सतत विकास की दिशा में आगे बढ़ने के लिए प्रेरित करते हैं। शर्मा ने भारतीय मानक ब्यूरो द्वारा किये जा रहे प्रयासों की सराहना की। उन्होंने ISI मार्क उत्पाद, उपभोक्ता के लिए कितने महत्वपूर्ण है, इस बात को भी उपस्थित स्टेकहोल्डर्स के साथ साझा किया। उन्होंने बताया कि भारत सरकार गुणवत्तापूर्ण उत्पादों की उपलब्धता के लिए कटिबद्ध है और मानकों के माध्यम से ‘वोकल फॉर लोकल’ और ‘मेक इन इंडिया’ जैसे अभियानों को भी नई गति मिल रही है। विशिष्ट अतिथि प्रो. पी. हेमंथा कुमार ने कहा कि “आयुष विभाग में मानकीकरण की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है। भारतीय मानक ब्यूरो के सहयोग से आयुष क्षेत्र में मानकीकरण अपनाने से भारत की पारंपरिक चिकित्सा पद्धतियों को वैश्विक स्तर पर नई पहचान मिल रही है।”
अनंत शर्मा ने अपने संबोधन में कहा कि प्रत्येक उत्पाद और सेवा में मानकीकरण अपनाने से उपभोक्ता का विश्वास बढ़ता है और उन्हें गुणवत्तापूर्ण वस्तुएं प्राप्त होती हैं। भारतीय मानक ब्यूरो द्वारा उपभोक्ता सशक्तिकरण हेतु किए जा रहे प्रयास वास्तव में एक सुरक्षित और भरोसेमंद बाजार व्यवस्था की नींव हैं।” भारतीय मानक ब्यूरो राजस्थान की निदेशक एवं प्रमुख कनिका कालिया ने बताया कि “भारतीय मानक ब्यूरो समाज के सभी वर्गों को मानकों के महत्व से जोड़ने के लिए निरंतर प्रयासरत है। हम साझेदारी और सहभागिता के माध्यम से ‘एक बेहतर विश्व के साझा दृष्टिकोण’ को साकार करने की दिशा में आगे बढ़ रहे हैं।”
“विश्व मानक दिवस” प्रतिवर्ष हजारों विशेषज्ञों के सहयोगात्मक प्रयासों को सम्मानित करने के लिए मनाया जाता है, जो स्वेच्छा से तकनीकी दस्तावेजों के निर्माण में योगदान देते हैं, जिन्हें बाद में तकनीकी मानकों के रूप में प्रकाशित किया जाता है। इस वर्ष की थीम “Shared Vision for a Better World: Spotlight on SDG 17 – Partnerships for the Goals” पर केंद्रित रही, जो साझेदारी के माध्यम से सतत विकास लक्ष्यों की प्राप्ति पर बल देती है।
कार्यक्रम में विभिन्न सत्रों, प्रदर्शनों और संवादों के माध्यम से मानकीकरण, उपभोक्ता सुरक्षा, उद्योग और अकादमिक सहयोग जैसे विषयों पर विचार-विमर्श किया गया। कार्यक्रम में उद्योग, शिक्षाविदों, सरकारी संगठनों तथा अन्य हितधारकों की 200 से अधिक सक्रिय भागीदारी रही। इस कार्यक्रम के दौरान BIS लाईसेंसी उद्योग, उपभोक्ता संगठन और स्टैंडर्ड क्लब के मेंटर टीचर को मानक संवर्धन में उनके योगदान हेतु सम्मानित भी किया गया ।

