महात्मा ज्योतिबा फुले की 200वीं जयंती पर बोले मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा- ‘महिला शिक्षा और सामाजिक जागरूकता के प्रतीक हैं फुले’

Jaipur Rajasthan

जयपुर, 08 मई। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने कहा कि महात्मा ज्योतिबा फुले ने समाज सुधार एवं राष्ट्र निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। उन्होंने अपनी पत्नी सावित्री बाई फुले के साथ मिलकर महिला शिक्षा की अलख जगाई तथा सामाजिक जागरूकता को नई दिशा दी। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में हमारी सरकार भी महिला शिक्षा, सशक्तीकरण और समाज के अंतिम व्यक्ति तक योजनाओं का लाभ पहुंचाने के लिए निरन्तर कार्य कर रही है। मुख्यमंत्री ने युवाओं से महात्मा जी के जीवन से प्रेरणा लेकर केन्द्र और राज्य सरकार की योजनाओं को जनता तक पहुंचाने में सक्रिय भागीदारी निभाने का आह्वान किया।

मुख्यमंत्री शुक्रवार को बिड़ला ऑडिटोरियम में महात्मा ज्योतिबा फुले की 200वीं जयन्ती के उपलक्ष्य में आयोजित समारोह को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री ने फुले जी की 200वीं जयंती पूरे देश में दो वर्ष तक मनाने का निर्णय लिया है। इसकी शुरुआत 11 अप्रेल से हो चुकी है और यह उत्सव 11 अप्रैल 2028 तक मनाया जाएगा। इसके लिए प्रधानमंत्री की अध्यक्षता में एक उच्चस्तरीय समिति का गठन किया गया है। उन्होंने भूपेन्द्र सैनी को इस समिति में शामिल किए जाने पर बधाई एवं शुभकामनाएं दीं।

प्रदेश के हर ब्लॉक में होगी सावित्री बाई फुले ई-लाइब्रेरी
उन्होंने कहा कि हमारी सरकार द्वारा इस उत्सव को प्रदेश भर में धूम-धाम से मनाया जा रहा है। हमनें हिंडौली में महात्मा फुले एवं सावित्रीबाई फुले की जीवनी पर आधारित पैनोरमा और पुस्तकालय निर्माण का संकल्प लिया है। साथ ही, प्रदेश के हर ब्लॉक में सावित्री बाई फुले ई-लाइब्रेरी तथा समस्त जिलों में महात्मा ज्योतिबा फुले आदर्श विद्यालय स्थापना का निर्णय लिया गया है। वहीं, 16 सावित्री बाई फुले छात्रावास के नये भवनों का निर्माण करवाया जा रहा है।

धरती पुत्र माली समाज का इतिहास गौरवशाली
मुख्यमंत्री ने कहा कि माली समाज का इतिहास अत्यंत गौरवशाली है तथा इस समाज का धरती माता के साथ लगाव बहुत गहरा है। इसीलिए इस समाज को धरती पुत्र के रूप में जाना जाता है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार द्वारा 23 से 25 मई तक जयपुर में ग्लोबल राजस्थान एग्रीटेक मीट (ग्राम)-2026 का आयोजन किया जाएगा। जिससे किसान परम्परागत से स्मार्ट खेती की ओर अग्रसर हो। सम्मेलन में किसान, शिक्षाविद्, कृषि वैज्ञानिक, नीति निर्माता मिलकर खेती को लाभकारी बनाने एवं किसानों को आत्मनिर्भर बनाने के लक्ष्य को लेकर गहन विचार-विमर्श करेंगे। उन्होंने आमजन को इस मीट से अधिक से अधिक संख्या में जुड़ने की अपील की।

प्रधानमंत्री ने किसान हित को दी सदैव प्राथमिकता
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री के नेतृत्व में वर्ष 2014 के बाद देश ने अभूतपूर्व प्रगति की है। वे महिला, किसान, युवा और गरीब कल्याण को केन्द्र मानते हुए योजनाओं का संचालन कर रहे हैं। प्रधानमंत्री का मानना है कि खेती में आधुनिक यंत्रों के जुड़ाव से किसानों की आय बढ़ेगी। उन्होंने किसान हित को सदैव प्राथमिकता दी है। पीएम किसान सम्मान निधि योजना के तहत किसानों को 6 हजार रूपये की आर्थिक सहायता दी जा रही है। राज्य सरकार द्वारा भी इस आर्थिक सहायता में 3 हजार की वृद्धि कर इसे 9 हजार रूपये कर दिया गया है।

प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के तहत पॉलिसी जारी करने में राजस्थान प्रथम
उन्होंने कहा कि राज्य सरकार प्रदेश के किसान को समृद्ध और खुशहाल बनाने के लक्ष्य के साथ निरन्तर कार्य कर रही है। प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के तहत राजस्थान में देश में सबसे ज्यादा 2 करोड़ 19 लाख पॉलिसी जारी की गई। साथ ही, राज्य सरकार गेहूं की एमएसपी पर 150 रूपये बोनस दे रही है। उन्होंने कहा कि वर्तमान में 24 जिलों में किसानों को दिन में बिजली दी जा रही है। हम प्रदेशभर में किसानों को वर्ष 2027 तक दिन में बिजली देने के संकल्प के साथ कार्य कर रहे हैं। राजस्थान सहकारी गोपाल क्रेडिट कार्ड ऋण योजना, मुख्यमंत्री मंगला पशु बीमा योजना, ग्रीन हाउस की स्थापना जैसी अनेक योजनाएं एवं निर्णयों से किसानों को राहत दी जा रही है।

कार्यक्रम में सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्री अविनाश गहलोत, सांसद मदन राठौड़, राजेन्द्र गहलोत, विधायक बालमुकुन्दाचार्य, पूर्व केन्द्रीय राज्यमंत्री कैलाश चौधरी, पूर्व विधायक प्रभुलाल सैनी सहित बड़ी संख्या में सैनी समाज के लोग उपस्थित रहे।