लोकसभा में बुधवार को भारी हंगामे के बीच गृह मंत्री अमित शाह ने तीन अहम विधेयक पेश किए। विपक्षी सांसदों ने इन बिलों की प्रतियां फाड़ दीं और कागज के टुकड़े बनाकर गृह मंत्री की ओर उछाले। इसके बाद बिलों को संयुक्त संसदीय समिति (JPC) के पास भेज दिया गया।
इन विधेयकों में यह प्रावधान है कि प्रधानमंत्री, मुख्यमंत्री या कोई भी मंत्री अगर ऐसे अपराध में गिरफ्तार होता है, जिसकी सजा कम से कम पांच साल हो और वह 30 दिन से अधिक हिरासत में रहता है, तो उसे पद छोड़ना होगा।
इससे पहले सूचना एवं प्रसारण मंत्री अश्विनी वैष्णव ने ऑनलाइन गेमिंग प्रमोशन और रेगुलेशन बिल, 2025 पेश किया, जिसमें ऑनलाइन मनी गेम्स पर पूरी तरह से प्रतिबंध लगाने का प्रावधान है।
इसी दौरान संसद में विपक्ष ने वोटर वेरिफिकेशन और कथित वोट चोरी के मुद्दे पर भी जोरदार विरोध जताया।

