अलवर में टाइगर इंटरनेशनल हाफ मैराथन:फिटनेस,बाघ संरक्षण और पर्यटन का साझा संदेश

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राजस्थान के अलवर में रविवार को अलवर टाइगर इंटरनेशनल हाफ मैराथन–2026 का आयोजन किया गया, जिसमें देश-विदेश से आए हजारों धावकों ने हिस्सा लिया। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के मुख्य आतिथ्य में हुई इस मैराथन को प्रताप ऑडिटोरियम से हरी झंडी दिखाकर रवाना किया गया।

कार्यक्रम में केंद्रीय पर्यावरण, वन और जलवायु परिवर्तन मंत्री भूपेंद्र यादव, उपमुख्यमंत्री दिया कुमारी, वन एवं पर्यावरण राज्यमंत्री संजय शर्मा और मैराथन के ब्रांड एंबेसडर अभिनेता रणदीप हुड्डा भी मौजूद रहे। मुख्यमंत्री ने विभिन्न श्रेणियों की दौड़ों को फ्लैग ऑफ किया और फिनिश लाइन पर विजेता धावकों का उत्साह बढ़ाया।

मैराथन में 21 किलोमीटर इंटरनेशनल और ओपन हाफ मैराथन, फोर्स रन, 10 किलोमीटर रन सहित कई श्रेणियां शामिल थीं। आयोजकों के अनुसार, केन्या, नीदरलैंड और दक्षिण अफ्रीका समेत आठ देशों के अंतरराष्ट्रीय धावकों ने भाग लिया। कुल प्रतिभागियों की संख्या 18 हजार से अधिक रही, जिनमें बड़ी संख्या में महिलाएं, युवा, वरिष्ठ नागरिक, दिव्यांगजन और सेना-पुलिस व अर्धसैनिक बलों के जवान शामिल थे।

मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने कहा कि यह आयोजन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के फिट इंडिया मिशन की भावना के अनुरूप है और इससे बाघ संरक्षण के साथ-साथ अलवर के पर्यटन को भी बढ़ावा मिलेगा। इस मौके पर उन्होंने पद्म श्री से सम्मानित भपंग वादक गफरूद्दीन मेवाती जोगी को शॉल ओढ़ाकर सम्मानित किया।

मैराथन मार्ग पर जगह-जगह बनाए गए उत्साहवर्धन केंद्रों पर संगीत और तालियों के बीच धावकों का स्वागत किया गया। सुरक्षा, यातायात और चिकित्सा सुविधाओं के व्यापक इंतजाम किए गए थे। कार्यक्रम के दौरान हेलीकॉप्टर से पुष्प वर्षा भी की गई।

उपमुख्यमंत्री दिया कुमारी ने कहा कि यह मैराथन स्वस्थ जीवनशैली, पर्यावरण संरक्षण और सतत पर्यटन को एक साथ जोड़ने का प्रयास है। उन्होंने इसे अलवर को स्पोर्ट्स और इको-टूरिज्म के प्रमुख केंद्र के रूप में स्थापित करने की दिशा में अहम कदम बताया।

दिल्ली-एनसीआर के नजदीक स्थित सरिस्का टाइगर रिज़र्व से जुड़े अलवर में आयोजित इस मैराथन को आयोजकों ने संरक्षण, फिटनेस और पर्यटन के वैश्विक संदेश के रूप में पेश किया। उनका कहना है कि “बाघ सुरक्षित रहेगा तो जंगल और भविष्य सुरक्षित रहेंगे”—यही इस आयोजन का मूल संदेश रहा।