दिल्ली विश्वविद्यालय छात्रसंघ (DUSU) चुनाव 2026 के नतीजों में अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (ABVP) ने चार में से तीन प्रमुख पदों पर जीत दर्ज की है। ABVP के यश डबास अध्यक्ष, रिया छावड़ी सचिव और लक्ष्य राज सिंह संयुक्त सचिव चुने गए हैं। वहीं, उपाध्यक्ष पद पर निर्दलीय उम्मीदवार दीपांशु शौकीन ने जीत दर्ज की।
18 सितंबर को हुए मतदान के बाद 19 सितंबर को मतगणना की गई। चुनाव में कुल 40.46% मतदान हुआ।
यश डबास ने NSUI उम्मीदवार को हराया
अध्यक्ष पद पर ABVP के यश डबास को 24,576 वोट मिले, जबकि NSUI के विजय शंकर मीणा को 22,523 वोट मिले। डबास ने 2,053 वोटों के अंतर से जीत दर्ज की।
सचिव पद पर रिया छावड़ी को 21,650 वोट मिले और उन्होंने NSUI की नम्रता चौधरी को हराया। संयुक्त सचिव पद पर लक्ष्य राज सिंह को 16,641 वोट मिले।
निर्दलीय दीपांशु शौकीन की जीत
उपाध्यक्ष पद पर निर्दलीय उम्मीदवार दीपांशु शौकीन ने 30,615 वोट हासिल किए। वे पहले NSUI से जुड़े रहे हैं और पार्टी से टिकट नहीं मिलने के बाद निर्दलीय उम्मीदवार के तौर पर चुनाव मैदान में उतरे थे। उनके पिता बस कंडक्टर और मां आंगनवाड़ी कार्यकर्ता हैं।
शौकीन ने कहा कि छात्रों ने उनके चुनाव अभियान में खुद भाग लिया और उन्हें समर्थन दिया। उनके चुनाव प्रचार में हॉस्टल, छात्र सुरक्षा और कैंपस की सुविधाओं जैसे मुद्दे प्रमुख रहे।
चुनाव में छात्र सुरक्षा और आवास बड़े मुद्दे रहे
इस बार DUSU चुनाव की पृष्ठभूमि में दिल्ली के सत्य निकेतन में इमारत गिरने की घटना भी रही, जिसमें सात लोगों की मौत हुई थी। इसके बाद छात्र संगठनों ने हॉस्टल, पीजी आवास, सुरक्षा और कैंपस की सुविधाओं को लेकर मुद्दे उठाए।
नतीजों के बाद ABVP के नवनिर्वाचित प्रतिनिधियों ने भी छात्र सुरक्षा, नए हॉस्टल और पीजी से जुड़े मुद्दों पर काम करने की बात कही।
NSUI को चारों प्रमुख पदों में जीत नहीं मिली
इस चुनाव में कांग्रेस के छात्र संगठन NSUI को चारों केंद्रीय पदों में से कोई भी पद नहीं मिला। वहीं, उपाध्यक्ष पद पर निर्दलीय उम्मीदवार की जीत ने चुनाव परिणाम में एक अलग तस्वीर पेश की।
केंद्रीय पैनल के नतीजे इस प्रकार रहे:
- अध्यक्ष: यश डबास — ABVP
- उपाध्यक्ष: दीपांशु शौकीन — निर्दलीय
- सचिव: रिया छावड़ी — ABVP
- संयुक्त सचिव: लक्ष्य राज सिंह — ABVP
चुनाव परिणामों पर ABVP नेताओं ने इसे छात्र हितों और संगठन के काम पर छात्रों के भरोसे से जोड़कर देखा, जबकि कांग्रेस नेताओं ने मतदान और मतगणना में कथित गड़बड़ियों की जांच की मांग की। ये आरोप संबंधित नेताओं के बयान हैं।

