किरोड़ी लाल मीणा ने बुधवार को जोधपुर में खाद-बीज भंडारण और प्रसंस्करण इकाइयों का औचक निरीक्षण किया। मानसून सीजन से पहले हुई इस कार्रवाई को नकली खाद-बीज और घटिया कृषि उत्पादों के खिलाफ अभियान के तौर पर देखा जा रहा है।
कृषि मंत्री सर्किट हाउस से सीधे मंडोर स्थित वेयरहाउस पहुंचे, जहां उन्होंने खाद और बीज के स्टॉक की जांच की तथा रजिस्टर और दस्तावेजों का निरीक्षण किया। इसके बाद उनका काफिला बालसमंद, सूरसागर और गोलासनी होते हुए बोरानाडा रीको औद्योगिक क्षेत्र पहुंचा।
बोरानाडा में मंत्री ने बालाजी मूंगफली फैक्ट्री सहित तीन इकाइयों का निरीक्षण किया। अधिकारियों ने भंडारण व्यवस्था और रिकॉर्ड की जांच की। अचानक हुई इस कार्रवाई से खाद-बीज कारोबारियों और वेयरहाउस संचालकों में हलचल देखी गई।
निरीक्षण का तीसरा चरण मथानिया क्षेत्र में हुआ, जहां बड़ी संख्या में मूंगफली प्रसंस्करण इकाइयां और वेयरहाउस संचालित होते हैं। आशंका जताई जा रही है कि कुछ इकाइयों में फंगस लगी और खराब गुणवत्ता की मूंगफली को पॉलिश कर आकर्षक पैकिंग में दूसरे राज्यों में भेजा जा रहा था।
इससे पहले भी कृषि मंत्री जयपुर के चौमूं क्षेत्र में खाद-बीज से जुड़ी इकाइयों पर छापेमारी कर चुके हैं। जोधपुर में हुई ताजा कार्रवाई को लेकर प्रशासनिक और कारोबारी हलकों में चर्चा तेज रही।

