25 हजार के इनामी ड्रग तस्कर को ANTF ने दमन में पकड़ा,जयपुर से 1,000 किमी दूर तक चला ऑपरेशन

Jaipur Rajasthan

राजस्थान एंटी-नारकोटिक्स टास्क फोर्स (ANTF) ने करीब एक साल से फरार चल रहे 25 हजार रुपये के इनामी ड्रग तस्कर रामनिवास उर्फ रामू विश्नोई को केंद्रशासित प्रदेश दमन से गिरफ्तार किया है।

ANTF के महानिरीक्षक विकास कुमार ने बताया कि ‘ऑपरेशन रानीरोना’ के तहत यह कार्रवाई की गई। रामनिवास नागौर जिले के रोटू गांव का रहने वाला है और उसके खिलाफ डीडवाना-कुचामन पुलिस अधीक्षक की ओर से 25 हजार रुपये का इनाम घोषित था।

मुंबई से नागौर तक फैला था MD का नेटवर्क

ANTF IG विकास कुमार के मुताबिक, रामनिवास ने 12वीं कक्षा पास करने के बाद मुंबई में एक कूरियर कंपनी में नौकरी शुरू की थी। इसी दौरान हाई-प्रोफाइल सोसाइटी में नशा करने वाले लोगों के संपर्क में आने के बाद उसे MDMA के सेवन और कारोबार के बारे में जानकारी मिली।

बाद में वह खुद MDMA का सेवन करने लगा और धीरे-धीरे मुंबई में इसकी खरीद-बिक्री से जुड़े लोगों के संपर्क में आ गया। शुरुआत में करीब 100 ग्राम MDMA बेचने वाला रामनिवास बाद में नागौर और आसपास के इलाकों में 500 से 700 ग्राम तक की सप्लाई करने लगा।

ANTF के अनुसार, वह मुंबई से करीब 8 लाख रुपये प्रति किलो की दर से MDMA खरीदता था और नागौर क्षेत्र में अपने ग्राहकों को करीब 10 लाख रुपये प्रति किलो तक बेचता था। इस तरह उसे प्रति किलो लगभग 2 लाख रुपये का मुनाफा होता था।

फरारी के दौरान भी जारी रखा नशे का कारोबार

रामनिवास के खिलाफ कार्रवाई उस समय तेज हुई, जब उसके एक साथी के भतीजे को MDMA के साथ पकड़ा गया। पूछताछ में रामनिवास का नाम सामने आया, जिसके बाद वह फरार हो गया और 24 फरवरी 2026 को उस पर 25 हजार रुपये का इनाम घोषित किया गया।

ANTF IG विकास कुमार के मुताबिक, फरारी के दौरान रामनिवास लगातार अपना ठिकाना बदलता रहा। कुछ समय गांव और आसपास के इलाकों में छिपने के बाद वह जयपुर पहुंचा और करीब 10 महीने तक मुहाना मंडी स्थित अर्बन ट्विन्स में एक फ्लैट में रहा। इस दौरान भी उसने MDMA का कारोबार पूरी तरह बंद नहीं किया।

27 अगस्त 2026 को डीडवाना-कुचामन इलाके में पुलिस की नाकाबंदी के दौरान रामनिवास मौके से फरार हो गया था। कार्रवाई में उसके साथी के भतीजे को पकड़ा गया और उसकी कार से 5.400 किलो MDMA बरामद हुई थी। इसके बाद रामनिवास अपने साथियों के साथ मनाली चला गया और 3 सितंबर को दमन पहुंचकर अपने मामा के किराए के कमरे में छिप गया।

कई रातों का सफर, दमन में दबोचा गया

ANTF IG विकास कुमार ने बताया कि टीम लगातार रामनिवास की गतिविधियों और संभावित ठिकानों पर नजर रख रही थी। टीम को सूचना मिली कि वह बड़ी मात्रा में MDMA लेकर जयपुर की ओर जा रहा है।

इसके बाद टीम ने ग्राम दुगौली से खारी-जोदधा जाने वाली सड़क पर निगरानी और नाकाबंदी की। इस दौरान एक SUV को रोका गया, जिसमें रामनिवास का नाबालिग भतीजा मिला। तलाशी में बड़ी मात्रा में MDMA बरामद हुई। हालांकि रामनिवास दूसरी कार से इस वाहन को एस्कॉर्ट कर रहा था और टीम को भनक लगते ही मौके से फरार हो गया।

इसके बाद ANTF टीम ने उसके साथियों से मिली जानकारी के आधार पर दमन में उसके मामा का पता लगाया। कई रातों के सफर के बाद टीम दमन पहुंची और मामा के किराए के मकान की जानकारी जुटाई। इसके बाद दबिश देकर रामनिवास उर्फ रामू विश्नोई को गिरफ्तार कर लिया गया।

रक्षाबंधन पर जयपुर आ रही MDMA की खेप से भी जुड़ा था नाम

ANTF के मुताबिक, रामनिवास का नाम रक्षाबंधन के दौरान जयपुर भेजी जा रही MDMA की एक बड़ी खेप के मामले में भी सामने आया था। इस खेप को जयपुर पहुंचने से पहले ही जायल और नागौर में पकड़ा गया था, जबकि रामनिवास उस समय फरार हो गया था। इस मामले में उसके साथी के नाबालिग भतीजे को पकड़ा गया था और जायल थाने में मामला दर्ज किया गया था।

गिरफ्तार आरोपी की पहचान रामनिवास उर्फ रामू विश्नोई, पुत्र भींयाराम विश्नोई, उम्र 32 वर्ष, निवासी रोटू, तहसील जायल, जिला नागौर के रूप में हुई है। ANTF के मुताबिक, इस कार्रवाई में ANTF की टीमों की विशेष भूमिका रही।

ANTF IG विकास कुमार ने कहा कि कार्रवाई में शामिल सभी टीमों को मुख्यालय में विशेष कार्यक्रम के दौरान सम्मानित किया जाएगा। उन्होंने आम लोगों से भी अपराधियों या अपराध से संबंधित किसी सूचना को ANTF कंट्रोल रूम तक पहुंचाने की अपील की है।