इंदौर के ट्रांसपोर्ट कारोबारी राजा रघुवंशी की हत्या के मामले में गिरफ्तार उनकी पत्नी सोनम को मेघालय पुलिस पूछताछ के लिए शिलॉन्ग ले जा रही है। पुलिस टीम पटना एयरपोर्ट से शाम 4 बजे कोलकाता और गुवाहाटी होते हुए शिलॉन्ग के लिए रवाना होगी।
इस मामले में इंदौर में भी पुलिस जांच तेज हो गई है। मेघालय पुलिस की एक अन्य टीम मामले के आरोपी विशाल को लेकर उसके घर पहुंची है।
राजा के भाई विपिन रघुवंशी ने दावा किया है कि इस हत्या में पांच से अधिक लोग शामिल हैं। इंदौर की एक लोकल कोर्ट ने पांच आरोपियों — राज कुशवाहा, विशाल चौहान, आकाश राजपूत, आनंद और आकाश चौहान — को 7 दिन की ट्रांजिट रिमांड पर भेजा है। अब मेघालय पुलिस इन सभी को पूछताछ के लिए शिलॉन्ग ले जाएगी।
इस बीच आरोपी राज कुशवाहा की मां ने अपने बेटे को निर्दोष बताते हुए कहा है, “मेरा बेटा ऐसा नहीं कर सकता। वह सोनम के भाई की फैक्ट्री में काम करता था और फंसाया गया है।”
शादी के 12 दिन बाद हत्या
राजा और सोनम की शादी 11 मई को हुई थी। 21 मई को दोनों शिलॉन्ग पहुंचे और 23 मई को परिवार से आखिरी बार बात हुई। इसके बाद 2 जून को राजा का शव एक सुनसान इलाके से बरामद हुआ।
पुलिस जांच में सामने आया है कि इस हत्या की योजना पहले से बनाई गई थी। पुलिस सूत्रों के अनुसार, जिस ‘डाव’ (छोटी कुल्हाड़ी) से हत्या की गई, वह ऑनलाइन मंगाई गई थी। आरोपी सोनम और राजा के होमस्टे से एक किलोमीटर दूर एक होटल में ठहरे थे और सोनम उन्हें लगातार अपनी लोकेशन भेज रही थी।
सुनसान जगह पर सोनम ने कहा — “मार दो इसे”
बताया गया है कि 23 मई को सोनम फोटोशूट के बहाने राजा को कोरसा पहाड़ियों की ओर ले गई। वहां पहले से मौजूद तीनों आरोपियों ने राजा से मिलकर बातचीत शुरू की और कुछ दूरी तक साथ चले। सुनसान जगह पर पहुंचते ही सोनम ने चिल्लाकर कहा, “मार दो इसे”।
हत्या के बाद सभी आरोपी अलग-अलग रास्तों से अपने घर लौट गए। सोनम अकेली वाराणसी पहुंची। यहां से गाजीपुर हाईवे के काशी ढाबे पर पहुंचकर भाई को फोन किया। इसके बाद मेघालय पुलिस ने गाजीपुर से सोनम को हिरासत में लिया और सोमवार देर रात पटना लाया, जहां उसे फिलहाल फुलवारी शरीफ थाने में रखा गया है।
मेघालय पुलिस अब पूरे मामले की तह तक पहुंचने के लिए सभी आरोपियों से पूछताछ करेगी। इस केस में कई परतें अभी खुलनी बाकी हैं।

