प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने राजस्थान के अजमेर से देशव्यापी एचपीवी (ह्यूमन पैपिलोमावायरस) टीकाकरण अभियान की शुरुआत की और करीब 17 हजार करोड़ रुपये की विकास परियोजनाओं का उद्घाटन व शिलान्यास किया। इस दौरान 21 हजार से अधिक युवाओं को नियुक्ति पत्र भी वितरित किए गए।
प्रधानमंत्री ने कहा कि एचपीवी टीकाकरण अभियान महिलाओं को सर्वाइकल कैंसर से बचाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। उन्होंने इसे ‘नारी शक्ति’ को सशक्त बनाने की पहल बताया। कार्यक्रम के दौरान उन्होंने टीकाकरण के बाद कुछ बालिकाओं से बातचीत भी की।
सरकार के अनुसार, जिन परियोजनाओं का उद्घाटन और शिलान्यास हुआ, वे सड़क, पेयजल, ऊर्जा, सिंचाई, शहरी विकास और औद्योगिक बुनियादी ढांचे से जुड़ी हैं। इनमें राष्ट्रीय राजमार्ग और ऊर्जा क्षेत्र की परियोजनाएं भी शामिल हैं। प्रधानमंत्री ने कहा कि इनसे रोजगार के अवसर बढ़ेंगे और बुनियादी सुविधाओं को मजबूती मिलेगी।
सभा को संबोधित करते हुए पीएम मोदी ने कहा कि “डबल इंजन सरकार” राजस्थान में विरासत और विकास दोनों को साथ लेकर चल रही है। उन्होंने दावा किया कि राज्य में कनेक्टिविटी बढ़ने से निवेश और पर्यटन को बढ़ावा मिल रहा है।
प्रधानमंत्री ने सिंचाई और जल परियोजनाओं का भी जिक्र किया और कहा कि नदियों को जोड़ने की योजनाओं से किसानों को फायदा होगा। साथ ही, उन्होंने सौर ऊर्जा योजनाओं, विशेषकर ‘प्रधानमंत्री सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना’, का उल्लेख करते हुए कहा कि इससे लोगों के बिजली बिल कम हो रहे हैं।
अपने भाषण में प्रधानमंत्री ने कांग्रेस पर भी निशाना साधा। उन्होंने आरोप लगाया कि विपक्ष देश की उपलब्धियों का समर्थन नहीं करता और अंतरराष्ट्रीय मंचों पर भारत की छवि खराब करने की कोशिश करता है।
कार्यक्रम में राजस्थान के राज्यपाल और मुख्यमंत्री सहित कई जनप्रतिनिधि मौजूद थे। मुख्यमंत्री ने प्रधानमंत्री के नेतृत्व में राज्य को “विकसित भारत 2047” के लक्ष्य का हिस्सा बताते हुए विकास के संकल्प को दोहराया।

