राहुल गांधी का आरोप–‘वोट चोरी का ऑपरेशन, चुनाव आयोग कर रहा संरक्षण’,ECI ने कहा– ‘आरोप झूठे और निराधार’

Front-Page National Politics

कांग्रेस सांसद और लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने गुरुवार को नई दिल्ली के इंदिरा भवन ऑडिटोरियम में प्रेस कॉन्फ्रेंस कर एक बार फिर चुनाव आयोग पर गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने दावा किया कि देशभर में कांग्रेस के वोटर्स को सुनियोजित तरीके से वोटर लिस्ट से हटाया जा रहा है। राहुल गांधी ने कहा कि “मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार वोट चोरों की रक्षा कर रहे हैं और भारतीय लोकतंत्र को कमजोर करने की साजिश हो रही है।”

राहुल गांधी ने 31 मिनट के अपने प्रजेंटेशन में कर्नाटक, महाराष्ट्र, हरियाणा और उत्तर प्रदेश के उदाहरण दिए। इस दौरान वे कर्नाटक के कुछ ऐसे मतदाताओं को भी मंच पर लेकर आए जिनके नाम लिस्ट से हटाए गए थे।

उन्होंने आरोप लगाया कि कर्नाटक के आलंद विधानसभा क्षेत्र में 2023 के चुनाव के दौरान 6,000 से अधिक वोटर्स को डिलीट करने की कोशिश हुई। राहुल ने कहा कि यह काम सॉफ्टवेयर के जरिए केंद्रीय स्तर पर किया गया और बूथ के पहले वोटर को टारगेट कर हटाया गया।

प्रेस कॉन्फ्रेंस में दिखाए गए वीडियो में 63 वर्षीय मतदाता गोदाबाई ने दावा किया कि उनके नाम से फेक लॉगिन बनाकर 12 वोटर्स के नाम डिलीट किए गए। राहुल ने यह भी कहा कि मतदाताओं को हटाने में जिन मोबाइल नंबरों का इस्तेमाल हुआ, वे दूसरे राज्यों से ऑपरेट किए जा रहे थे।

राहुल का आरोप है कि कर्नाटक CID ने इस मामले में 18 बार चुनाव आयोग को जानकारी के लिए पत्र लिखा, लेकिन जवाब नहीं मिला। उन्होंने कहा कि अगर OTP ट्रेल्स और डिवाइस IP साझा किए जाएं तो साफ हो जाएगा कि यह ऑपरेशन कहां से चल रहा था।

वहीं, चुनाव आयोग ने राहुल गांधी के आरोपों को झूठा और निराधार बताया। आयोग ने स्पष्ट किया कि कोई भी नागरिक ऑनलाइन किसी का वोट डिलीट नहीं कर सकता और नाम हटाने से पहले संबंधित व्यक्ति को अपनी बात रखने का पूरा अवसर दिया जाता है।

राहुल गांधी ने कहा– “यह सिर्फ कांग्रेस का मुद्दा नहीं, बल्कि भारतीय लोकतंत्र की बुनियाद पर हमला है।”