जयपुर में ग्रीन एनर्जी कॉन्क्लेव 2025 का आयोजन,राजस्थान में हरित ऊर्जा को लेकर तेज़ी से बढ़ रहे प्रयास

Jaipur Rajasthan

जयपुर:-राजधानी जयपुर में 22 गोदाम स्थित होटल होली डे इन में ग्रीन एनर्जी कॉन्क्लेव 2025 का आयोजन किया गया। इस आयोजन का उद्देश्य हरित ऊर्जा के क्षेत्र में जागरूकता बढ़ाना और पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा देना रहा। इस कॉन्क्लेव का आयोजन फर्स्ट इंडिया न्यूज पेपर की ओर से किया गया, जिसने अपने सफल छह वर्षों की उपलब्धि के साथ वर्ष 2025 को पर्यावरण संरक्षण को समर्पित करने की घोषणा की।

कार्यक्रम की शुरुआत फर्स्ट इंडिया के सीईओ और मैनेजिंग एडिटर पवन अरोड़ा ने की, जिन्होंने मंच से सभी सम्मानित अतिथियों का स्वागत किया। उन्होंने कहा कि ग्रीन एनर्जी न सिर्फ भविष्य की ज़रूरत है, बल्कि यह देश की ऊर्जा आत्मनिर्भरता की दिशा में एक निर्णायक कदम भी है।

मुख्य अतिथि के रूप में मौजूद राज्य के ऊर्जा राज्यमंत्री हीरालाल नागर ने कहा कि अब तक हमारे ज़्यादातर पावर प्लांट कोयले पर निर्भर रहे हैं, लेकिन अब हरित ऊर्जा की ओर बदलाव की शुरुआत हो चुकी है। उन्होंने ग्रीन एनर्जी कॉरिडोर और ग्रीन उत्पादों को बढ़ावा देने की बात भी कही।

हरित ऊर्जा में राजस्थान की भूमिका पर चर्चा

कॉन्क्लेव में RVPNL के एमडी नथमल डिडेल ने ऊर्जा तंत्र को सुदृढ़ बनाने के प्रयासों की जानकारी दी। उन्होंने स्वर्गीय आलोक (पूर्व एसीएस) के विज़न को याद किया और उन्हें प्रेरणास्रोत बताया।
राजस्थान विद्युत विनियामक आयोग (RERC) के चेयरमैन राजेश शर्मा ने कहा कि ग्रीन एनर्जी को लेकर लिए गए फैसले अब रंग ला रहे हैं और फर्स्ट इंडिया के माध्यम से जो जागरूकता अभियान चल रहा है, वह पूरे देश में उदाहरण बनेगा।

राजस्थान ऊर्जा विकास एवं आईटी सर्विसेज लिमिटेड के एमडी ओम प्रकाश कसेरा ने राज्य में ग्रीन एनर्जी के क्षेत्र में चल रही योजनाओं पर प्रकाश डाला।

‘राजस्थान बनेगा ग्रीन एनर्जी हब’ — विधायकों गोपाल शर्मा

कार्यक्रम में विधायक गोपाल शर्मा ने कहा, “सूर्य, वायु और जल जैसे तत्व ग्रीन एनर्जी के स्त्रोत बन चुके हैं, लेकिन भविष्य में अग्नि और पृथ्वी भी इसमें भूमिका निभा सकते हैं।”

वहीं बगरू विधायक डॉ. कैलाश वर्मा ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारत ग्रीन एनर्जी में अग्रणी बनता जा रहा है, और मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा की सरकार इस दिशा में ऐतिहासिक पहल कर रही है। उनका दावा है कि 2027 तक राजस्थान ऊर्जा के क्षेत्र में आत्मनिर्भर बन जाएगा।

कार्यक्रम में विधायक कालीचरण सराफ, विधायक कैलाश वर्मा, आईएएस श्रुति भारद्वाज समेत कई वरिष्ठ अधिकारी और विशेषज्ञ मौजूद रहे।