लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने गरड़िया महादेव दर्शन और चंबल वॉटर सफारी शुल्क घटाने की मांग की — वन विभाग की समीक्षा बैठक में दिए निर्देश,बाघ शिफ्टिंग व मंडी विस्तार पर वन मंत्री से की चर्चा

Kota Rajasthan

कोटा। लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने रविवार को कोटा स्थित कार्यालय पर वन विभाग के अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक ली। बैठक में बिरला ने गरड़िया महादेव में दर्शन के लिए जाने वाले श्रद्धालुओं और चंबल वॉटर सफारी के शुल्क को लेकर कहा कि यह दोनों स्थल धार्मिक और पर्यटन की दृष्टि से अत्यंत महत्वपूर्ण हैं, इसलिए प्रवेश शुल्क को न्यूनतम रखा जाए, ताकि अधिक से अधिक लोग इन स्थलों की प्राकृतिक, आध्यात्मिक और सांस्कृतिक सुंदरता का आनंद ले सकें। इस संबंध में बिरला ने राज्य के वन मंत्री संजय शर्मा से भी वार्ता की और नए विकसित हो रहे क्षेत्रों के लिए श्रद्धालुओं तथा पर्यटकों को राहत देने हेतु शुल्क नीति पर पुनर्विचार करने को कहा।

इसके साथ ही उन्होंने कोटा-बून्दी में सड़कों सहित विभिन्न विकास कार्यों में वन विभाग से आवश्यक एनओसी (अनापत्ति प्रमाणपत्र) जारी करने में की प्रक्रिया में तोजी लाने के निर्देश देते हुए कहा कि जिन परियोजनाओं का संबंध आमजन की सुविधा और क्षेत्रीय विकास से है, उन सभी को प्राथमिकता के आधार पर एनओसी प्रदान की जाए, ताकि जनता को शीघ्र राहत मिल सके और विकास कार्य समय पर पूर्ण हो सकें।

बैठक में रामगढ़ विषधारी अभयारण्य और मुकुंदरा टाइगर रिजर्व में बाघों की शिफ्टिंग को लेकर भी विस्तृत चर्चा हुई। अधिकारियों ने जानकारी दी कि मध्यप्रदेश क्षेत्र में हाल ही में हुई भारी वर्षा के कारण शिफ्टिंग प्रक्रिया में कुछ देरी हुई थी, किंतु अब परिस्थितियाँ अनुकूल हैं और शीघ्र ही बाघ–बाघिन की शिफ्टिंग की प्रक्रिया पूर्ण की जाएगी। इसके अतिरिक्त बिरला ने कृषि उपज मंडी के विस्तार कार्य को लेकर भी वन विभाग के अधिकारियों को आवश्यक प्रक्रिया शीघ्र पूरी करने के निर्देश दिए। बैठक में चीफ वाइल्डलाइफ वार्डन शिखा मेहरा व वन विभाग के अन्य अधिकारी मौजूद रहे।

इटावा हादसे में घायल बच्चों का हाल जाना, उपचार की जानकारी ली
लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला रविवार को एमबीएस अस्पताल पहुंचे, जहां उन्होंने इटावा में हुए दर्दनाक सड़क हादसे में घायल मासूम बच्चों की कुशलक्षेम जानी। उन्होंने अस्पताल प्रशासन से उपचार की विस्तृत जानकारी ली और चिकित्सकों को निर्देश दिए कि घायलों के उपचार में किसी भी प्रकार की कमी न रहे तथा सभी को सर्वोत्तम चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराई जाए। बिरला ने कहा कि यह अत्यंत दुःखद और हृदयविदारक घटना है। अपने मासूम बच्चों को खोने वाले परिजनों के प्रति गहरी संवेदनाएं है। उन्होंने जिला प्रशासन को निर्देश दिए कि घटना से प्रभावित परिवारों की हर संभव सहायता सुनिश्चित की जाए।