अजमेर हाई सिक्योरिटी जेल में सोमवार को कुख्यात डकैत जगन गुर्जर की हत्या कर दी गई। पुलिस के मुताबिक, हत्या का आरोप भरतपुर के चर्चित कुलदीप जघीना हत्याकांड के आरोपी विष्णु पर है, जिसने कथित तौर पर गाड़ियों से गला दबाकर सदियों को अंजाम दिया।
जेल प्रशासन के अनुसार दोनों एक ही बैरक में बंद थे। सुबह बैरक की सफाई और साथ समय बिताने के बाद दोपहर में जब बैरक खोली गई तो जगन मृत पाए गए। आरोपी विष्णु ने मौके पर ही हत्या की बात स्वीकार कर ली।
जेल अधीक्षक पारस जांगिड़ ने बताया कि जगन मार्च 2026 से जेल में बंद था, जबकि विष्णु पिछले तीन साल से यहां कैद है। शुरुआती जांच में आपसी विवाद को हत्या की वजह माना जा रहा है।
हर्षवर्धन अग्रवाल ने कहा कि एफएसएल टीम ने मौके से सबूत जुटाए हैं और जल्द ही गैंगवार जैसे खतरे से इनकार किया गया है।
कभी चंबल क्षेत्र में खतरे का दूसरा नाम रहे जगन गुर्जर पर हत्या, हथियार तस्करी और महिलाओं से दुर्व्यवहार सहित कई गंभीर आरोप दर्ज रहे हैं। 2008 के गुर्जर आरक्षण आंदोलन के दौरान वह पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे को धमकी देने के बाद राष्ट्रीय ध्वज में आया था।

